महाराष्ट्र के नागपुर शहर के नंदनवन थाना क्षेत्र से मानवता को शर्मसार करने वाली एक घटना सामने आई है। यहाँ एक 15 वर्षीय नाबालिग छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया गया। इस मामले में पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए एक मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि घटना में शामिल दो विधि संघर्षग्रस्त बालकों (नाबालिगों) को हिरासत में लिया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मुख्य आरोपी पिछले कुछ समय से पीड़िता पर नजर रख रहा था। उसने छात्रा के सामने कुछ अनुचित प्रस्ताव रखे थे, जिसे छात्रा ने सिरे से खारिज कर दिया था। इसी का बदला लेने और डराने के उद्देश्य से आरोपी ने 4 फरवरी को पीड़िता को बहला-फूसलाकर अपने घर बुलाया।
5 फरवरी को जब छात्रा आरोपी के घर पहुँची, तो वहाँ आरोपी के दो अन्य नाबालिग साथी भी मौजूद थे। मुख्य आरोपी ने छात्रा की बेबसी का फायदा उठाकर उसके साथ जबरन दुष्कर्म किया। इस घिनौने कृत्य के दौरान अन्य दो आरोपियों ने अपने मोबाइल फोन से वीडियो बना लिया। उन्होंने पीड़िता को धमकी दी कि यदि उसने किसी को कुछ बताया, तो वे इस वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल कर देंगे। इस डराने-धमकाने के बीच एक अन्य नाबालिग आरोपी ने भी छात्रा के साथ दुष्कर्म किया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
चार दिनों तक खौफ के साये में रहने के बाद, पीड़िता ने 9 फरवरी को नंदनवन पुलिस थाने में आपबीती सुनाई। शिकायत की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत जाल बिछाया और तीनों आरोपियों को धर-दबोचा। चूंकि पीड़िता नाबालिग है, इसलिए पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता की संगीन धाराओं और पॉक्सो अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है। फिलहाल पुलिस वीडियो क्लिप बरामद करने और मामले की आगे की जांच में जुटी है।
